अवैध खनन के खिलाफ भोजपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, सैप जवान सहित छः गिरफ्तार...

आरा : भोजपुर जिले में चंद पुलिसकर्मियों की कारगुजारियों के कारण वर्दी की साख अब खतरे में पड़ती दिखाई दे रही है। कभी सोन नदी में नावों से तो कभी सड़कों पर बालू लदे ट्रकों से अवैध वसूली के खेल मैं संलिप्तता पाए जाने से समय-समय पर उन्हें जेल की हवा खानी पड़ी है। कोईलवर सोन नदी में सिक्सलेन पुल के पास से अवैध बालू लदे नावों से अवैध वसूली में खनन विभाग में तैनात सैप जवान वशिष्ठ नारायण सिंह की गिरफ्तारी से एक बार फिर महकमे की किरकीरी हुई है। इनकी गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार के निर्देश पर हुई।
पुलिस और खनन विभाग के नाम पर पटना और भोजपुर जिले के बीच सोन नदी में मोटरबोट से अवैध बालू उत्खनन कराने और रुपये वसूलने वाले वसूली गैंग का पहली बार भंडाफोड़ हुआ है। इस सिलसिले में भोजपुर पुलिस ने वसूली गैंग के सरगना, एक कथित खननकर्मी समेत छह बदमाशों को सुबह 3 बजे गिरफ्तार किया है। सभी पटना जिले के रहने वाले हैं। इनकी गिरफ्तारी पुलिस अधीक्षक प्रमोद कुमार यादव के निर्देश पर हुई।
वसूली गैंग पर बालू तस्करों के गिरोह और नाविकों से रुपये का भी आरोप है। इनकी गिरफ्तारी कोईलवर में सिक्सलेन पुल के पास की गई। जब वे मोटरबोट से घाट पर उतरे थे। तभी पुलिस ने वसूली गैंग को दो मोटरबोट, वसूली के 26100 रुपये, नौ मोबाइल फोन व एक पुलिस वर्दी के साथ गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार बदमाशों में सैप जवान वशिष्ठ नारायण सिंह; पटना जिले में बिहटा थाना क्षेत्र के कुंजवा गांव निवासी है। सैप जवान को जिला खनन विभाग ने बालू तस्करी रोकने और सोन नदी में गश्ती के लिये कोईलवर थाने में प्रतिनियुक्त किया था। वह वहीं रहता था।
गिरफ्तार बदमाशों में पटना जिले के मनेर क्षेत्र अंतर्गत रतनटोला निवासी जनार्दन सिंह का पुत्र कथित खनन कर्मी अमित कुमार सिंह, रामबाबू राय का पुत्र साहेब कुमार व रामसुजान सिंह का पुत्र धीरज कुमार, मनेर थाने के हल्दी छपरा गांव निवासी शैलेंद्र राय का पुत्र नीरज कुमार व योगेंद्र प्रसाद का पुत्र नितेश कुमार है।
कोईलवर थानाध्यक्ष अविनाश कुमार ने बताया रात भर नदी में नावों से वसूली की शिकायत मिली थी। कोईलवर पुलिस शुक्रवार की देर रात ही घाट पर डटी रही, जहां शनिवार सुबह तीन बजे भोर में मोटरबोट पर सवार खनन विभाग के कर्मी के तौर पर छह लोग उतरे। उसके बाद सभी की तलाशी ली गई, जिसमें खनन विभाग के सैप जवान व मोटरबोट चालकों के पास से नावों से वसूली किये गये पैसों के साथ साथ नौ मोबाइल भी बरामद किये गये। हालांकि बाद में सबों ने नदी के रास्ते अवैध परिचालन में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। इसके बाद कोईलवर पुलिस ने सभी छह लोगों को गिरफ्तार कर लिया