पटना, 23 मार्च। पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसद में दिए गए संबोधन पर विकासशील इंसान पार्टी के संस्थापक और बिहार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि यह देर से उठाया गया अच्छा कदम है। उन्होंने कहा कि यह कदम पहले ही उठाया जाना चाहिए था।
वीआईपी के प्रमुख मुकेश सहनी ने आज मीडिया से बातचीत में कहा कि केंद्र सरकार की गलत नीतियों के कारण देश आज इस स्थिति में फंसा है। रसोई गैस की किल्लत और बढ़ती महंगाई से जनता त्रस्त है।
उन्होंने साफ तौर पर कहा कि किसी भी हालत में युद्ध रुकना चाहिए। अंतरराष्ट्रीय तनाव का सीधा असर भारत पर पड़ रहा है और ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी का असर व्यापक है। सरकार ने एलपीजी और पेट्रोल के दाम बढ़ा दिए हैं और इसके कारण आम जनता पर अतिरिक्त बोझ पड़ा है। सरकार की गलत विदेश नीति के कारण देश को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि इस संकट का असर सिर्फ तेल और गैस तक सीमित नहीं है, बल्कि खाद, खाद्य पदार्थों और दवाओं की आपूर्ति श्रृंखला भी प्रभावित हो रही है। इस महंगाई का असर आम जनता पर भारी बोझ पड़ेगा।
बिहार के पूर्व मंत्री मुकेश सहनी ने साफ तौर पर कहा कि भाजपा विपक्ष को समझती ही नहीं है। आज जब स्थिति गंभीर हुई है और भाजपा के नेताओं को चुनाव की व्यस्तता से फुर्सत मिली है, तो उन्हें देश की जनता नजर आ रही है।उन्होंने कहा कि आज देश को खतरे में डाला गया है।
उन्होंने कहा कि रसोई गैस की किल्लत के कारण अब लकड़ी और गोइठा पर खाना बनाया जा रहा है।